
नईदुनिया प्रतिनिधि, अंबिकापुर। सरगुजा जिले में प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कर रही एक आदिवासी युवती ने शादी का झांसा देकर दुष्कर्म किए जाने और गर्भपात कराने का आरोप लगाया है। पीड़िता की शिकायत पर गांधीनगर थाना पुलिस ने आरोपित एजाज अहमद और उसकी बहन फरहा सबा के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा-69 के तहत अपराध दर्ज कर लिया है।
क्या है पूरा मामला
पीड़िता ने पुलिस को बताया कि वर्ष 2021 में वह नौकरी की तलाश में अंबिकापुर आई थी। जुलाई 2022 में उसकी पहचान खैरबार निवासी एजाज अहमद से हुई। आरोप है कि एजाज ने शादी का वादा कर उसे लिव-इन रिलेशनशिप में रहने के लिए राजी किया। 30 जुलाई 2022 को किराए के कमरे में पहली बार दोनों के बीच शारीरिक संबंध बने। इसके बाद दोनों कई महीनों तक साथ रहे।
पीड़िता के अनुसार, 30 जुलाई 2022 से 16 मई 2026 के बीच एजाज ने कई बार उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए। जब भी वह शादी की बात करती, आरोपित आर्थिक स्थिति और परिवार की सहमति न होने का बहाना बनाकर टालता रहा।
गर्भवती होने पर गर्भपात कराने का आरोप
शिकायत में युवती ने बताया कि गर्भवती होने के बाद उसने शादी के लिए दबाव बनाया तो आरोपित ने उसके साथ गाली-गलौज की और जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल किया। आरोप है कि 20 अगस्त 2025 को एजाज अपनी बहन फरहा सबा को लेकर उसके कमरे पर पहुंचा और दोनों ने मिलकर उसे गर्भपात की दवा खिलाने का प्रयास किया।
पीड़िता का कहना है कि दवा थूक देने के बाद भावनात्मक दबाव बनाकर उसे गर्भपात के लिए राजी किया गया। इसके बाद 21 अगस्त 2025 को उसे जिला अस्पताल सूरजपुर ले जाकर गर्भपात कराया गया।
दूसरी शादी की जानकारी मिलने पर खुला मामला
पीड़िता ने बताया कि बाद में उसे जानकारी मिली कि एजाज दूसरी लड़की से शादी की तैयारी कर रहा है। विरोध करने पर उसने अलग धर्म का हवाला देते हुए शादी से इन्कार कर दिया। शिकायत के अनुसार, आरोपित बाद में भी शादी का आश्वासन देता रहा और कई बार नशे की हालत में उसके कमरे पर पहुंचकर जबरदस्ती करता था।
थाने में लिखित शिकायत दर्ज
मानसिक प्रताड़ना से परेशान होकर युवती ने 18 जून 2026 को गांधीनगर थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामला दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है। गांधीनगर थाना पुलिस के अनुसार, साक्ष्य संकलन की प्रक्रिया जारी है और जांच के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।