
नईदुनिया प्रतिनिधि,भिलाई। आर्य नगर कोहका निवासी 62 वर्षीय निर्मला चौबे से डिजिटल अरेस्ट का भय दिखाकर सात लाख रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। मामले में सुपेला पुलिस ने अज्ञात आरोपितों के खिलाफ धारा 318(4) के तहत अपराध दर्ज कर लिया है।
दर्ज रिपोर्ट के मुताबिक प्रार्थिया ने पुलिस को बताया कि 13 मार्च 2026 को उसके मोबाइल पर वीडियो काल आया जिसमें पांच से सात लोग पुलिस की खाकी वर्दी में थे। उनमें से एक ने अपना नाम मुंबई क्राइम ब्रांच का इन्सपैक्टर संदीप राव बताया। आरोपितों ने महिला को यह कहकर डराया कि उसके नाम से कोटक महिन्द्रा बैंक पासबुक में अलग-अलग शहर में चार-पांच करोड़ रुपये जमा है।
आरोपितों ने इसे अवैध लेन देन का मामला बताते हुए कहा कि आपके घर की तलाशी लेनी पड़ेगी। आरोपित महिला से लगातार दो दिन तक यही बात कहते रहे और यह दोहराते रहे कि यदि अपने बेटी-बेटा या अन्य रिश्तेदार को बताओगे तो जेल जाना पड़ेगा।
आरोपित प्रार्थिया को वाटसएप में अलग-अलग दस्तावेज दिखाकर भयभीत करते रहे जैसे मुंबई क्राइम ब्रांच में अपराध दर्ज होना,सुप्रीम कोर्ट में पांच लाख रुपये जुर्माना पटाने का निर्देश शामिल है। इसके बाद प्रार्थिया ने 16 मार्च 2026 को एसबीआइ सेक्टर-1 भिलाई स्थित अपने बैंक खाता से बंधन बैंक शाखा अगोदिया नारायण चोवाराम के नाम से तीन लाख रुपये आरटीजीएस की।
17 मार्च 2026 को शाम करीब सात बजे दो लड़के एवं एक लड़की प्रार्थिया के घर पहुंचे लेकिन चार सीसीटीवी कैमरा लगे होने के बावजूद वे लोग प्रार्थिया को दिखाई नहीं दे रहे थे। उन्होंने कोटक महिन्द्रा बैंक का पासबुक दिखाते हुए घर की तलाशी लेने के नाम पर प्रार्थिया से चार लाख रुपये की मांग किए।
नकद रकम नहीं होने पर आरोपितों ने सोना गिरवी रखकर उनके बताए बैंक खाता नंबर में राशि आरटीजीएस करने कहा। प्रार्थिया ने पुलिस को बताया कि उसने दूसरे ही दिन चार लाख रुपये आरटीजीएस किया।
आरोपितों ने जांच पूरी होेते ही 15 अप्रैल के बाद रकम लौटाने की बात कही थी इस कारण प्रार्थिया ने अपने परिवार के अन्य सदस्यों को इसकी जानकारी नहीं दी।
प्रार्थिया का बेटा बंगलुरु में और बेटी अपने परिवार सहित राजस्थान में निवासरत है। प्रार्थिया ने पुलिस को यह भी बताया कि इस अवधि मे आरोपितों ने उसके मोबाइल पर करीब 30 बार फोन,28 बार मिस्डकाल,23 बार वीडियो काल और दो बार वाटसएप काल भी आया।