
नईदुनिया प्रतिनिधि बिलासपुर। सोमवार शाम हुई झमाझम वर्षा के बाद मंगलवार को दिनभर आसमान में बादल छाए रहे और शाम को हल्की वर्षा दर्ज की गई। ठंडी हवाओं के कारण अधिकतम तापमान 39 डिग्री सेल्सियस से घटकर 34 डिग्री और न्यूनतम 24.6 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। राहत की बात यह है कि दक्षिण-पश्चिम मानसून अब पूरे छत्तीसगढ़ में पहुंच चुका है तथा एक जुलाई से बिलासपुर संभाग में वर्षा की गतिविधियां और तेज होने के संकेत हैं।
मौसम विभाग के अनुसार अधिकतम तापमान 39 डिग्री सेल्सियस से घटकर 34 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान 24.6 डिग्री सेल्सियस रहा।
मौसम विभाग ने बताया कि दक्षिण-पश्चिम मानसून प्रदेश के सभी हिस्सों में पहुंच गया है। पंजाब से उत्तर बंगाल की खाड़ी तक विस्तारित मौसमी द्रोणिका, दक्षिण उत्तर बंगाल की खाड़ी के ऊपर सक्रिय ऊपरी हवा के चक्रीय चक्रवाती परिसंचरण तथा तीन जुलाई के आसपास उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी में निम्न दाब क्षेत्र बनने की संभावना के कारण मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा। इसके प्रभाव से एक जुलाई से प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में हल्की से मध्यम वर्षा, गरज-चमक, अंधड़ तथा कुछ स्थानों पर भारी वर्षा की संभावना है। बिलासपुर संभाग, रायपुर संभाग के पूर्वी जिले और बस्तर संभाग के कुछ क्षेत्रों में अगले पांच दिनों तक वर्षा की गतिविधियां अधिक सक्रिय रहने के संकेत हैं। इस दौरान अधिकतम तापमान में और गिरावट आने की संभावना जताई गई है।
शहर में राहत, ग्रामीण इलाकों में प्रतिक्षा
जिले के कई ग्रामीण क्षेत्रों में वर्षा नहीं होने से किसानों की निगाहें अब एक जुलाई से शुरू होने वाली व्यापक मानसूनी गतिविधियों पर टिकी हैं। मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले कुछ दिनों में वर्षा का दायरा बढ़ेगा और अधिकांश क्षेत्रों में अच्छी वर्षा होने से खरीफ फसलों की बुवाई को गति मिलेगी। प्रदेश में एक साथ कई मौसम प्रणालियां सक्रिय हैं। यही कारण है कि आने वाले दिनों में वर्षा की तीव्रता और क्षेत्र दोनों में विस्तार होने की संभावना है।
अगले पांच दिन रहें सतर्क, राहत भी मिलेगी
मौसम विभाग ने अगले पांच दिनों तक गरज-चमक, अंधड़, वज्रपात और कुछ स्थानों पर भारी वर्षा की संभावना जताई है। लोगों को अनावश्यक रूप से खुले स्थानों में जाने से बचने, बिजली कड़कने के दौरान सुरक्षित स्थान पर रहने तथा मौसम संबंधी चेतावनियों पर नजर रखने की सलाह दी गई है। लगातार बादल छाए रहने से दिन के तापमान में और कमी आने के भी संकेत हैं। बता दें कि एक जून से 30 जून तक 24.2 मिमी वर्षा रिकार्ड किया गया है। जो पिछले वर्षों के औसत वर्षा से 85 फीसद कम है।
34 डिग्री तापमान दिन में किया गया दर्ज
24.6 डिग्री सेल्सियस पारा रात में रिकार्ड
24.4 मिमी वर्षा एक महीनें में दर्ज