• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
  • मेरी खबरें
  • user
मेरी खबरेंuser
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • कोरोना वायरस
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • त्विषा शर्मा केस
  • भोजशाला पर फैसला
  • एलपीजी संकट
  • गर्मी का मौसम
  • मध्‍य प्रदेश की खबरें
  • वास्‍तु शास्‍त्र
  • स्वच्छ जल
  • होम
  • छत्तीसगढ़
  • जगदलपुर

छत्तीसगढ़ में तंत्र-मंत्र के नाम पर डेढ़ करोड़ की महाठगी, संतान सुख का झांसा देकर दंपती को लूटा; जगदलपुर SP दर्ज करेंगे केस

विशेष पूजा का झांसा देकर एक दंपती से करीब डेढ़ करोड़ रुपये की कथित ठगी का मामला महिला आयोग पहुंचा है।

By Animesh PaulEdited By: Akash Pandey
Publish Date: Wed, 01 Jul 2026 08:42:40 PM (IST)Updated Date: Wed, 01 Jul 2026 08:42:40 PM (IST)
छत्तीसगढ़ में तंत्र-मंत्र के नाम पर डेढ़ करोड़ की महाठगी, संतान सुख का झांसा देकर दंपती को लूटा;  जगदलपुर SP दर्ज करेंगे केस
छत्तीसगढ़ में तंत्र-मंत्र के नाम पर डेढ़ करोड़ की महाठगी

HighLights

  1. संतान सुख दिलाने के नाम पर तंत्र-मंत्र और पूजा-पाठ के जरिए डेढ़ करोड़ रुपये ठगी
  2. पुलिस को एफआईआर दर्ज कर जांच और अपर कलेक्टर को संपत्ति की जांच के निर्देश दिए
  3. जमीन, मकान और वाहनों की खरीद सहित आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने का भी आरोप

नईदुनिया प्रतिनिधि, जगदलपुर। संतान सुख दिलाने और पारिवारिक संकट दूर करने के नाम पर तंत्र-मंत्र, झाड़-फूंक और विशेष पूजा का झांसा देकर एक दंपती से करीब डेढ़ करोड़ रुपये की कथित ठगी का मामला महिला आयोग पहुंचा है। आयोग ने प्रथम दृष्टया मामले को गंभीर मानते हुए पुलिस अधीक्षक जगदलपुर को धोखाधड़ी का अपराध दर्ज कर जांच रिपोर्ट आयोग को भेजने के निर्देश दिए हैं। वहीं अपर कलेक्टर सीपी बघेल को आरोपितों की चल-अचल संपत्ति, उसके मूल्यांकन तथा संपत्ति खरीद से जुड़े दस्तावेजों की जांच कर एक माह के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा है।

दंपती इलाज करा रहा था

शिकायत के अनुसार, वर्ष 2008 में विवाह के बाद संतान नहीं होने पर दंपती इलाज करा रहा था। महिला पीसीओडी से पीड़ित थीं और गर्भपात के बाद मानसिक रूप से परेशान थीं। इसी दौरान उनकी मुलाकात वन विभाग में पदस्थ वन रक्षक डूमर राम नायक और उसकी पत्नी शिखा नायक से हुई। आरोप है कि दोनों ने विशेष पूजा, तंत्र-मंत्र और दुर्लभ धार्मिक सामग्री के माध्यम से संतान सुख दिलाने का दावा किया।


पीड़िता का आरोप है कि वर्ष 2015 से 2021 के बीच पूजा, ताबीज, ताम्रपत्र, जड़ी-बूटियों और अन्य अनुष्ठानों के नाम पर लगातार रकम ली गई। इस दौरान उन्होंने अपनी जमा पूंजी खर्च कर दी, एफडी तुड़वा दी और जमीन-जायदाद तक बेच दी। शिकायत में दावा किया गया है कि आरोपितों को कुल करीब डेढ़ करोड़ रुपये दिए गए।

जमीन के दस्तावेज भी अपने पास रख लिए

महिला ने आयोग को बताया कि इसी रकम से आरोपितों ने जमीन खरीदी, मकान बनवाया और उसकी एक जमीन के दस्तावेज भी अपने पास रख लिए। आरोप है कि पहले एक कार खरीदी गई, बाद में दूसरी नई कार भी ली गई तथा आड़ावाल के कुसुमपाल क्षेत्र में 40 से 50 लाख रुपये की लागत का मकान भी बनाया गया।

शिकायत में यह भी कहा गया है कि मुख्य आरोपित कांगेर घाटी क्षेत्र में वन रक्षक के पद पर कार्यरत है और उसका मासिक वेतन करीब 43 हजार रुपये है। ऐसे में उसकी आय की तुलना में करोड़ों रुपये की संपत्ति अर्जित करने की जांच की मांग की गई है।

आय से अधिक संपत्ति की भी होगी जांच

महिला आयोग की सुनवाई में आरोपित की आय, संपत्ति और खर्च को लेकर कई सवाल उठे। आयोग ने माना कि शिकायत में लगाए गए आरोपों की निष्पक्ष जांच जरूरी है। इसी के चलते अपर कलेक्टर को आरोपितों की पूरी संपत्ति, उसके मूल्यांकन और खरीद से जुड़े दस्तावेजों की जांच के निर्देश दिए हैं। वहीं पुलिस को धोखाधड़ी का अपराध दर्ज कर पूरे मामले की विवेचना करने तथा निर्धारित समय में जांच रिपोर्ट आयोग को उपलब्ध कराने के लिए कहा गया है।

यह भी पढ़ें- रायपुर में शादी का झांसा देकर 9.50 लाख की ठगी, ओडिशा के अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश