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अंधेरे में देश को रोशन करने वालों का हक क्यों अटका? कोरबा एसईसीएल में गूंजी मांग, लागू हो 12 वां वेतन समझौता

कोयला मजदूरों के 12वें वेतन समझौते के लिए जेबीसीसीआई के गठन में हो रही देरी के विरोध में कोरबा के एसईसीएल कुसमुंडा और गेवरा क्षेत्रों में चार प्रमुख श...और पढ़ें

By Pradeep BarmaiyaEdited By: Manoj Kumar Tiwari
Publish Date: Thu, 02 Jul 2026 01:06:59 PM (IST)Updated Date: Thu, 02 Jul 2026 01:06:59 PM (IST)
अंधेरे में देश को रोशन करने वालों का हक क्यों अटका? कोरबा एसईसीएल में गूंजी मांग, लागू हो 12 वां वेतन समझौता
गेट मीटिंग में जुटे श्रमिक संघ प्रतिनिधि एवं मजदूर

HighLights

  1. नए श्रम कानूनों की वजह से लटका कोयला मजदूरों का वेतनमान
  2. कुसमुंडा जीएम दफ्तर के गेट पर जोरदार नारेबाजी
  3. परिक्रमा कर श्रमिकों ने दी उग्र आंदोलन की चेतावनी

नईदुनिया प्रतिनिधि, कोरबा : कोयला मजदूरों के 12 वां वेतन समझौता के लिए जेबीसीसीआइ का गठन नहीं करने के विरोध में चार श्रमिक संघ प्रतिनिधियों ने साऊथ ईस्टर्न कोलफिल़्ड्स लिमिटेड (एसईसीएल) के क्षेत्रीय महाप्रबंधक कार्यालय समक्ष मांग दिवस मनाते हुए विरोध प्रदर्शन किया। तदुपरांत प्रबंधन को ज्ञापन सौंपा। एसईसीएल समेत कोल इंडिया लिमिटेड से संबद्ध अन्य कंपनी में कार्यरत मजदूरों का जुलाई 2026 से लागू होना है, पर अभी तक वेतन समझौता के लिए जेबीसीसीआइ का गठन नहीं हो सका है।

नए श्रम कानून लागू होने की वजह से यह मुद्दा लटका हुआ है। इससे चार श्रमिक संघ एटक, एचएमएस, इंटक तथा सीटू समेत कोयला मजदूरों में नाराजगी व्याप्त है। संयुक्त रुप से चारों श्रमि के राष्ट्रीय आह्वान पर पूरे एसईसीएल में मांग दिवस मनाते हुए प्रदर्शन किया गया।


कुसमुंडा क्षेत्र के सभी विंग के शीर्ष पदाधिकारी, सक्रिय कार्यकर्ता और सैकड़ों की संख्या में श्रमिक कुसमुंडा महाप्रबंधक कार्यालय के मुख्य गेट पर एकत्रित हुए और नारेबाजी कर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि कोल इंडिया के कर्मचारी दिन-रात जान जोखिम में डालकर देश को ऊर्जा सुरक्षा दे रहे हैं और रिकॉर्ड कोयला उत्पादन कर रहे हैं। इसके बावजूद कोयला वेतन समझौते के गठन और वार्ता प्रक्रिया को प्रबंधन द्वारा जानबूझकर लटकाया जा रहा है। गेट पर जोरदार नारेबाजी और धरना-प्रदर्शन के बाद संयुक्त मोर्चे के बैनर तले आक्रोश मोर्चा निकाला गया।

जो प्रशासनिक भवन की परिक्रमा करते हुए महाप्रबंधक कक्ष के समक्ष पहुंचा, जहां संयुक्त संगठनों के प्रतिनिधिमंडल ने क्षेत्रीय महाप्रबंधक को कोल इंडिया चेयरमैन के नाम ज्ञापन सौंपा। इसमें कहा गया है कि यदि प्रबंधन ने वेतन समझौते की प्रक्रिया में तेजी नहीं लाती है तो आंदोलन उग्र किया जाएगा। इस दौरान सीटू से समारसिंह, सजी टी जान, प्रेमपाल सांडे, मोहम्मद सद्दाम हुसैन, आईपी केसरवानी, बीनू वर्गीस, संजय नाथ, शिशुपाल सिंह, रामकुमार, राहुल सिंह देवा, नील कुमार ,विनीश कुमार, अमन खान, कृष्णा श्रीवास्तव एटक से अजीत सिंह, मुकेश साहू, कोयला मजदूर सभा से अशोक कुमार साहू ,लक्ष्मण सिंह, निरंजन सिंह एवं सोनू प्रताप सिंह मनीष सिंह एवं विनोद यादव, रामेश्वर वैष्णव, देवेन्द्र सिंह, इंटक से राजू सोनी समेत अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे।

गेवरा श्रमिक चौक में हुई गेट मीटिंग

गेट मीटिंग में जुटे श्रमिक संघ प्रतिनिधि एवं मजदूर संयुक्त मोर्चा एचएमएस एटक, इंटक, सीटू गेवरा क्षेत्र में हिंद खदान मजदूर फेडरेशन के अध्यक्ष रेशम लाल यादव की उपस्थिति में मेन गेट श्रमिक चौक में गेट मीटिंग, धरना प्रदर्शन करते हुए जेबीसीसीआई-12 गठन की मांग कर मांग दिवस मनाया। इस दौरान विभागीय कर्मचारी एवं ठेकेदारी कर्मचारी शामिल हुए। कोल प्रबंधन से मांग की गि कर्मचारियों का वेतन समझौता वार्ता शुरू करने के लिए जेबीसीसीआइ का गठन किया जाए। तदुपरांत गेवरा के क्षेत्रीय मानव संसाधन प्रबंधक सुधा शिंदे को संयुक्त मोर्चा के पदाधिकारियों ने मांग पत्र ज्ञापन सौपा।

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