छत्तीसगढ़ में हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट लगाने में एजेंसियां फिसड्डी, 42 लाख वाहन बिना HSRP; जान लें क्या है शुल्क
छत्तीसगढ़ में हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट (HSRP) अभियान बेहद सुस्त है। प्रदेश के करीब 42 लाख पुराने वाहन अब भी बिना HSRP के चल रहे हैं, जिन पर परिवहन विभाग कार्रवाई की तैयारी में है।
Publish Date: Thu, 29 Oct 2026 09:59:45 AM (IST)Updated Date: Thu, 29 Oct 2026 09:59:45 AM (IST)
छत्तीसगढ़ में हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट लगाने में एजेंसियां फिसड्डी। ()HighLights
- प्रदेश में 42 लाख वाहनों में नहीं लगी HSRP
- अब तक केवल 20% पुराने वाहनों पर लगी प्लेट
- अभियान तेज करने के लिए परिवहन विभाग ने दिए निर्देश
राज्य ब्यूरो, नईदुनिया, रायपुर : प्रदेश की सड़कों पर करीब 42 लाख पुराने वाहन अब भी हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट (एचएसआरपी) के बिना दौड़ रहे हैं। वाहन चोरी और फर्जी नंबर प्लेट के इस्तेमाल पर नियंत्रण के उद्देश्य से शुरू किया गया अभियान डेढ़ साल बाद भी लक्ष्य से काफी पीछे है।
प्रदेश में एक अप्रैल 2019 से पहले पंजीकृत 52.48 लाख वाहनों में से अब तक केवल 10.72 लाख पर ही एचएसआरपी लगाई जा सकी है। यानी करीब 20.44 प्रतिशत वाहनों पर प्लेट लगाई गई है, जबकि 79.56 प्रतिशत वाहन अब भी इससे वंचित हैं।
राज्य में एचएसआरपी अभियान की रफ्तार सुस्त
- 52.48 लाख कुल पंजीकृत वाहन
- 5.19 लाख नए वाहनों का जनवरी से अक्टूबर के बीच पंजीकरण
- 81% दोपहिया वाहन, 0.91% यात्री बसें
- 6.90 प्रतिशत चारपहिया और 3.68 प्रतिशत मालवाहक वाहन
पुराने वाहनों पर एचएसआरपी की स्थिति
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वाहन के अनुसार शुल्क तय
एचएसआरपी लगवाने के लिए दोपहिया वाहन मालिकों को 365.80 रुपये, तिपहिया वाहन मालिकों को 427.16 रुपये, कार और हल्के मोटर वाहन मालिकों को 656.08 रुपये तथा अन्य हल्के वाहनों के मालिकों को 705.64 रुपये का भुगतान करना होगा।
तेजी लाने के निर्देश
परिवहन विभाग के अपर आयुक्त डी. रविशंकर ने बताया कि अधिकृत कंपनियों को सभी पात्र वाहनों पर एचएसआरपी लगाने के निर्देश दिए गए हैं। अभियान में तेजी लाने के लिए अतिरिक्त प्रयास किए जा रहे हैं और वाहन मालिकों को जागरूक किया जा रहा है। जांच अभियान चलाकर नियमों का पालन नहीं करने वालों के खिलाफ कार्रवाई भी की जाएगी।
रायपुर में भी लाखों वाहन बाकी
परिवहन विभाग के आंकड़ों के अनुसार, रायपुर जिले में 13.34 लाख पुराने वाहनों में से 3.06 लाख पर एचएसआरपी लगाई जा चुकी है। शेष 10.28 लाख वाहन अभी प्लेट लगने का इंतजार कर रहे हैं। रायपुर में 23.53 प्रतिशत वाहनों पर प्लेट लग चुकी है, जो प्रदेश के औसत से कुछ अधिक है।
दो कंपनियों को जिम्मेदारी, फिर भी धीमी रफ्तार
- एचएसआरपी लगाने की जिम्मेदारी दो अधिकृत कंपनियों को सौंपी गई है। इनमें रियल मेजान इंडिया लिमिटेड ने 23.53 प्रतिशत और रोजमर्टा सेफ्टी सिस्टम लिमिटेड ने 17.35 प्रतिशत पात्र वाहनों पर प्लेट लगाई है।
- दिसंबर 2024 में व्यवस्था लागू होने के बाद एक वर्ष के भीतर अभियान पूरा करने का लक्ष्य रखा गया था, लेकिन समयसीमा बीतने के बावजूद बड़ी संख्या में वाहन अब भी बिना हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट के चल रहे हैं।