
नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर। फलों का राजा कहलाने वाला आम न केवल अपने मीठे और रसीले स्वाद के लिए जाना जाता है, बल्कि भारतीय संस्कृति, खानपान और पारिवारिक परंपराओं का भी अहम हिस्सा है।
आम से तैयार होने वाली खीर, पुडिंग, कलाकंद और साल्सा जैसी डिशेज भी लोगों की पसंदीदा सूची में शामिल हैं।यही कारण है कि आम हर उम्र के लोगों की पसंद बना हुआ है और हर साल लोग इसके मौसम का बेसब्री से इंतजार करते हैं।
आम की लोकप्रियता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इससे अचार, आम पापड़, चटनी, शेक, आइसक्रीम, मिठाइयां और कई प्रकार के व्यंजन तैयार किए जाते हैं।
गृहिणी अमित जायसवाल बताती हैं कि उनके घर में दशहरी आम सबसे ज्यादा पसंद किया जाता है। गर्मियों के दिनों में परिवार के साथ आमरस और पूड़ी का स्वाद एक खास परंपरा जैसा बन गया है।
पल्लवी कहती हैं कि आम केवल एक फल नहीं, बल्कि परिवार के साथ बैठकर स्वाद का आनंद लेने का अवसर भी देता है। उनकी पसंदीदा डिश मैंगो पुडिंग है, जिसे ब्रेड, मिल्कमेड, मैंगो प्यूरी और ड्रायफ्रूट्स की परतों से तैयार किया जाता है।
पारंपरिक मिठाइयों के साथ-साथ फ्यूजन फूड पसंद है। वे मैंगो साल्सा तैयार करती हैं, जिसमें आम के साथ टमाटर, प्याज, शिमला मिर्च, हरा धनिया और चाट मसाला मिलाया जाता है। यह डिश स्वादिष्ट होने के साथ हेल्दी भी मानी जाती है और स्नैक के रूप में काफी पसंद की जाती है।
गृहिणी मोना गुप्ता को तोतापरी आम का खट्टा-मीठा स्वाद बेहद पसंद है। उनका मानना है कि इस किस्म का स्वाद अन्य आमों से अलग और ताजगी से भरपूर होता है।
मैंगो खीर बनाना पसंद करती हैं, जिसमें चावल, साबूदाना, दूध, केसर और ड्रायफ्रूट्स के साथ आम की प्यूरी मिलाई जाती है। यह डिश बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी को पसंद आती है। आम के मौसम की शुरुआत ही बादामी आम से होती है।
उन्हें मैंगो कलाकंद बनाना पसंद है, जिसमें पनीर, मिल्कमेड और मैंगो पल्प का उपयोग किया जाता है। यह मिठाई स्वाद के साथ-साथ आकर्षक रंग और खुशबू के कारण भी लोगों को खूब पसंद आती है।
आहार एवं पोषण की जानकार डा राजलक्ष्मी त्रिपाठी बताती हैं कि आम की सबसे बड़ी विशेषता इसकी विविधता है। आम के मौसम में शुरुआत से अंत तक अलग-अलग किस्में बाजार में उपलब्ध होती हैं।
सीजन के आरंभ में बादामी, दशहरी और तोतापरी जैसे आम देखने को मिलते हैं, जबकि बाद के चरण में लंगड़ा, चौसा और फजली जैसी किस्में बाजार में आती हैं।
रंग, सुगंध और उपयोग होता है। आम केवल स्वाद का खजाना नहीं है, बल्कि पोषण का भी महत्वपूर्ण स्रोत है। इसमें विटामिन ए, विटामिन सी, फाइबर और एंटीऑक्सीडेंट भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं।
मैंगो शेक बनाते समय सामान्य दूध की जगह बादाम या नारियल के दूध का उपयोग करने से यह और अधिक पौष्टिक बन सकता है।
मैंगो साल्सा युवाओं के बीच तेजी से लोकप्रिय हो रहा है। ताजे आम, सब्जियों और हल्के मसालों से तैयार यह व्यंजन स्वाद के साथ ताजगी भी देता है। स्नैक, सलाद या डिप के रूप में परोसा जाने वाला मैंगो साल्सा गर्मी के मौसम में खास पसंद बन चुका है।
आम की हर किस्म अपनी अलग मिठास, सुगंध और स्वाद के लिए जानी जाती है। बादामी का मुलायम गूदा, फजली का बड़ा आकार और रसीला स्वाद सहित विभिन्न किस्में अपने विशेष गुणों के कारण लोगों की अलग-अलग पसंद को पूरा करती हैं।
आम केवल स्वादिष्ट फल ही नहीं, बल्कि पोषण का भी समृद्ध स्रोत है। इसमें विटामिन ए, विटामिन सी, फाइबर और एंटीऑक्सीडेंट प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं, जो रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने, पाचन सुधारने और शरीर को ऊर्जा प्रदान करने में सहायक होते हैं।
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