मंत्री विजयवर्गीय के बयान पर सांसद कुलस्ते ने की टालमटोल, फिर कहा- करना चाहिए शब्दों का सही उपयोग
बजट में बालाघाट को खास उपलब्धि न मिलने पर उन्होंने कहा कि ये बजट किसी एक जिला या फिर योजना को ध्यान में रखकर नहीं बनाया गया है बल्कि इस बजट में प्रदेश...और पढ़ें
Publish Date: Tue, 24 Feb 2026 05:21:03 PM (IST)Updated Date: Tue, 24 Feb 2026 05:25:52 PM (IST)
वार्ता के दौरान अपनी बात कहते मंडला सांसद।HighLights
- बजट की विशेषता बताने भाजपा कार्यालय में मंडला सांसद फग्गनसिंह कुलस्ते ने ली वार्ता
- मंडला सहित बालाघाट और सिवनी के आदिवसी क्षेत्रों से पलायन अब भी गंभीर समस्या है।
- आज भी कई आदिवासी परिवार रोजगार की तलाश में दूसरे राज्यों में पलायन कर रहे हैं।
नईदुनिया प्रतिनिधि, बालाघाट। हाल ही में प्रदेश सरकार ने वर्ष 2026 का बजट प्रस्तुत किया है, जिसके बाद से भाजपा नेता बजट को सर्वांगीण विकास का प्रतीक बताकर हर जिले में वार्ता ले रहे हैं। मंगलवार को पूर्व केंद्रीय मंत्री और मंडला सांसद फग्गनसिंह कुलस्ते ने बालाघाट के भाजपा कार्यालय में वार्ता ली।
मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के विवादित बयानों से जुड़े सवाल पर कुलस्ते पहले टालमटोल करते दिखे और इसे उनका व्यक्तिगत बयान बताकर सवाल से बचने का प्रयास किया, लेकिन कुछ देर बाद उन्होंने कहा- ‘जिम्मेदार पद पर बैठे किसी भी व्यक्ति को सही शब्दों का उपयोग करना चाहिए।’
बजट में बालाघाट को खास उपलब्धि न मिलने पर उन्होंने कहा कि ये बजट किसी एक जिला या फिर योजना को ध्यान में रखकर नहीं बनाया गया है बल्कि इस बजट में प्रदेश के सभी जिलों के विकास का ध्यान रखा गया है।
पलायन के मुद्दे पर साधी चुप्पी, कहा- काम कर रहे हैं
- सांसद कुलस्ते ने वर्ष 2003 से पहले के बजट और वर्तमान बजट को लेकर कांग्रेस व भाजपा की तुलना की, लेकिन जब उनसे पलायन के मुद्दे पर सवाल पूछा गया, तो उन्होंने चुप्पी साध ली।
- बता दें कि सालों से मप्र में भाजपा की सरकार है। सांसद कुलस्ते भी जिम्मेदार पदों पर रहे हैं। इसके बाद भी उनके संसदीय क्षेत्र मंडला सहित बालाघाट और सिवनी के आदिवसी क्षेत्रों से पलायन अब भी गंभीर समस्या बनी हुई है।
आज भी आदिवासी परिवार रोजगार की तलाश में दूसरे राज्यों में पलायन कर रहे हैं। चुप्पी तोड़कर कुलस्ते ने कहा- प्रदेश व केंद्र सरकार इस समस्या पर फोकस के साथ काम कर रही है।
योजना में बदलाव किए गए हैं और जी-राम-जी योजना में सौ दिन के बजाय अब 115 दिन रोजगार दिया जा रहा है। किस क्षेत्र से कौन-काैन बाहर जाता है, उसकी सूची भी बनाई जा रही है, कृषि क्षेत्र का विस्तार किया जा रहा है। मेडिकल कॉलेज पर कहा- जल्द बनेगा, प्रयास जारी
- बजट की प्रशंसा करते हुए विकास कार्य गिना रहे सांसद बालाघाट के विकास को लेकर कुछ खास नहीं बोल पाए।
- बालाघाट में अटके पड़े मेडिकल कॉलेज के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि मेडिकल कालेज को लेकर प्रयास किए जा रहे हैं। मेडिकल कालेज जल्द बनेगा।
- उन्होंने बजट को लेकर कहा कि ये बजट सर्वागीण विकास का परिचायक है। बता दें कि बालाघाट में 2023 में मेडिकल कॉलेज का भूमिपूजन हो चुका है।
- सरकार पीपीपी माडल से कॉलेज बनवाना चाहती है, लेकिन तीन साल से निवेशक न मिलने से ये प्रोजेक्ट अधर में लटका हुआ है, जिसका खामियाजा जिले की जनता को भुगतना पड़ रहा है।
- वार्ता में बालाघाट-सिवनी सांसद भारती पारधी, जिलाध्यक्ष रामकिशोर कावरे, उपाध्यक्ष अनिल धुवारे सहित अन्य मौजूद रहे।