
नवदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल। राजधानी के फाइव स्टार और थ्री स्टार होटलों के बाद खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने सोमवार को शहर के मशहूर और चर्चित रेस्टोरेंट्स पर छापा मारा। इस दौरान माता मंदिर स्थित सागर गैरे, रोशनपुरा स्थित बापू की कुटिया और बोट क्लब स्थित होटल रंजीत लेकव्यू में खाद्य सुरक्षा मानकों की जमकर धज्जियां उड़ती मिलीं।
सागर गैरे में तो काली मिर्च में पपीते के सूखे बीज मिलाए जाने का चौंकाने वाला खुलासा हुआ, जबकि बापू की कुटिया में ग्राहक जिस पानी से बना खाना खा रहे थे, उसकी टंकी में भारी गंदगी पाई गई।
मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी शिवराज पावक के नेतृत्व में निकली जांच टीम जब माता मंदिर स्थित सागर गैरे रेस्टोरेंट पहुंची, तो वहां की स्थिति बेहद खराब मिली। किचन सड़क की तरफ से खुला था और डस्टबिन खुले पड़े थे। मसालों पर संदेह होने पर मौके पर ही डिमान्स्ट्रेशन किया गया, जिसमें फेरी फरारी नाम का सफेद पाउडर मिसब्रांडेड पाया गया।
सबसे गंभीर बात यह रही कि किचन में रखी काली मिर्च में पपीते के सूखे बीज मिले। कोल्ड स्टोरेज में भी खाद्य सामग्री का रख-रखाव सही नहीं मिला। टीम ने यहां से काली मिर्च और अन्य मसालों के सैंपल जांच के लिए जब्त किए हैं।
रोशनपुरा स्थित बापू की कुटिया में निरीक्षण के दौरान पानी की टंकी बेहद गंदी पाई गई। इतना ही नहीं, किचन में काम कर रहे कर्मचारी फिटनेस से जुड़ा अनिवार्य मेडिकल सर्टिफिकेट तक नहीं दिखा पाए। टीम ने कड़ी नाराजगी जताते हुए संचालक को नोटिस थमाया और मौके से घी व लाल ग्रेवी के नमूने लेकर राज्य लेबोरेटरी जांच के लिए भेजे।
बोट क्लब स्थित होटल रंजीत लेकव्यू के किचन में ड्रेनेज लाइन में लीकेज मिला। भोजन पकाने वाली कड़ाही जलकर पूरी तरह काली हो चुकी थी और कचरे के डिब्बे खुले पड़े थे, जिससे भोजन के दूषित होने का बड़ा खतरा था। टीम ने संचालक को नोटिस जारी कर तत्काल व्यवस्था सुधारने की हिदायत दी है।
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अभियान के दूसरे दिन रविवार को टीम ने होटल ताज, रेडिसन, सयाजी, जहांनुमा पलाश, रूफटाप मिंटो और टोरकस सहित अन्य बड़े ठिकानों की जांच की थी। वहां वेज और नानवेज एक साथ रखे मिले थे, जबकि कई जगहों से सड़ी सब्जियां और एक्सपायरी डेट के खाद्य उत्पाद बरामद कर सैंपल लिए गए थे।
अधिकारियों का कहना है कि शहरवासियों की सेहत से समझौता करने वालों के खिलाफ यह कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी।