पहले 90 डिग्री पुल, अब भोपाल में इंजीनियरिंग का एक और अजूबा : ₹1300 करोड़ का स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स पूरा होने को... अब याद आया- बाउंड्रीवॉल के लिए 16 एकड़ जमीन कम है
नीलबड़ के पास बरखेड़ा नाथू स्थित इंटरनेशनल स्पोर्ट्स कांप्लेक्स की निर्माण प्रक्रिया के अंतिम दौर में आने के बाद अब कहा जा रहा है कि 16 एकड़ जमीन कम प...और पढ़ें
Publish Date: Fri, 26 Jun 2026 08:11:24 AM (IST)Updated Date: Fri, 26 Jun 2026 08:17:05 AM (IST)
भोपाल के इंटरनेशनल स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में प्लानिंग फेल होने का बड़ा मामला सामने आया है। नईदुनिया।HighLights
- क्रिकेट स्टेडियम की चारदीवारी और एक्सेस रोड के लिए 16 एकड़ अतिरिक्त जमीन की जरूरत सामने आई
- करीब 12 एकड़ शासकीय और 4 एकड़ निजी भूमि का अधिग्रहण होगा, किसानों से ली जाएगी जमीन
- 145 एकड़ में प्रदेश के सबसे बड़े स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स पर लगभग 1300 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं
नईदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल । राजधानी में नब्बे डिग्री कोण वाले पुल के बाद भोपाल में इंजीनियरिंग का एक और नमूना सामने आया है। नीलबड़ के पास बरखेड़ा नाथू स्थित इंटरनेशनल स्पोर्ट्स कांप्लेक्स की निर्माण प्रक्रिया के अंतिम दौर में आने के बाद अब कहा जा रहा है कि 16 एकड़ जमीन कम पड़ गई है।
करीब 1300 करोड़ रुपये की इस परियोजना पर पिछले चार साल से काम जारी है। अंतिम दौर में आई इस जरूरत के लिए प्रशासन करीब चार एकड़ निजी भूमि अधिग्रहित करने जा रहा है।
प्रदेश का सबसे बड़ा खेल परिसर
खेल एवं युवा कल्याण विभाग ने वर्ष 2022 में प्रदेश के इस सबसे बड़े खेल परिसर का निर्माण शुरू किया। इसे बनाने की जिम्मेदारी मध्य प्रदेश सड़क विकास निगम (एमपीआरडीसी) को मिली।
यहां लगभग 145 एकड़ क्षेत्र में फैले इस कांप्लेक्स में 30 हजार दर्शक क्षमता वाला अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम, 10 हजार दर्शकों की क्षमता का फुटबाल स्टेडियम, चार-चार हजार दर्शकों की क्षमता वाले दो हॉकी मैदान, अत्याधुनिक इंडोर स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स, ओलिंपिक मानक का स्विमिंग पूल, खेल विज्ञान केंद्र और अन्य विश्वस्तरीय खेल सुविधाएं विकसित की जा रही हैं।
परिसर को शहर से जोड़ने के लिए छह किलोमीटर लंबी चार लेन सड़क का निर्माण भी किया जा रहा है। इसके अलावा घुड़सवारी क्रास-कंट्री ट्रैक, ओपन एयर थिएटर, मनोरंजन केंद्र, वर्षा जल संचयन प्रणाली, सौर ऊर्जा संयंत्र और आधुनिक अपशिष्ट प्रबंधन व्यवस्था भी प्रस्तावित है।
चारदीवारी के लिए जगह ही नहीं बची थी
परियोजना पूरी होने के समय पता चला कि इतनी जमीन में क्रिकेट स्टेडियम की चारदीवारी और निकासी सड़क बन ही नहीं पाएगी। उसके बाद दोबारा सर्वेक्षण हुआ और निर्माण एजेंसी ने 16 एकड़ चिन्हित जमीन मांगी। इसमें करीब 12 एकड़ सरकारी जमीन थी और चार एकड़ जमीन किसानों की निजी जमीन। सवाल उठ रहे हैं कि इतनी बड़ी परियोजना में जमीन की सही आकलन कैसे नहीं हो पाया? अगर आसपास खाली भूमि न होती तो इस योजना का लटकना तो तय था।
तीन चरणों में विकसित किया जा रहा है कांप्लेक्स
-पहले चरण में अंतरराष्ट्रीय मानकों के दो एथलेटिक्स ट्रैक, हाकी अभ्यास मैदान, बास्केटबाल और वालीबाल कोर्ट व टेनिस कोर्ट विकसित किए जा रहे हैं।
- दूसरे चरण में पांच हजार दर्शक क्षमता वाला बहुउद्देशीय इंडोर स्टेडियम, तीन सहायक हाल, खेल विज्ञान केंद्र, छात्रावास और प्रशासनिक सुविधाएं बनाई जा रही हैं।
- तीसरे और अंतिम चरण में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम, वेलोड्रोम और अन्य सहायक खेल सुविधाओं का निर्माण होगा।
बरखेड़ा नाथू में बन रहे इंटरनेशनल स्पोर्ट्स कांप्लेक्स के लिए अतिरिक्त भूमि अधिग्रहित की जा रही है। पंचायत क्षेत्र होने की वजह से प्रभावित किसानों को गाइडलाइन मूल्य का चार गुना मुआवजा दिया जाएगा। किसानों को नोटिस जारी किए जा चुके हैं और अगले तीन महीनों में अधिग्रहण पूरा होने की संभावना है।- विनोद सोनकिया, एसडीएम हुजूर
बरखेड़ा नाथू के अंतरराष्ट्रीय स्पोटर्स काम्लेक्स के तीसरे चरण में बनने वाले क्रिकेट स्टेडियम के लिए हमे 16एकड़ अतिरिक्त जमीन की आवश्यकता है। इसमें से लगभग 12 एकड़ शासकीय भूमि और लगभग चार एकड़ निजी भूमि के के लिए प्रस्ताव विभाग द्वारा शासन को भेजा गया है। - बीएस यादव, संयुक्त संचालक खेल एवं युवा कल्याण विभाग