
नईदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल। राजधानी के रातीबड़ थाना क्षेत्र में पंजाब किंग्स के क्रिकेटर शशांक सिंह, उनके पिता एवं पूर्व विशेष डीजी शैलेश सिंह तथा उनके ड्राइवर के खिलाफ एक रसोइए (कुक) के साथ मारपीट के आरोप में मामला दर्ज किया गया है। पुलिस आयुक्त संजय कुमार ने एफआईआर दर्ज होने की पुष्टि की है। वहीं, क्रिकेटर शशांक सिंह ने सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए शिकायतकर्ता पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
पुलिस के अनुसार, रीवा निवासी 31 वर्षीय विपेंद्र सिंह ने शिकायत दर्ज कराई है कि उसे 25 जून 2026 को नीलबड़ (मेंडोरी रोड) स्थित पूर्व डीजी शैलेश सिंह के घर 15 हजार रुपये प्रतिमाह वेतन पर खाना बनाने के लिए रखा गया था। विपेंद्र का आरोप है कि काम शुरू होने के बाद से ही परिवार के लोग उसमें कमियां निकालने लगे और उसका मोबाइल फोन भी अपने पास रख लिया।
मोबाइल मांगने पर मारपीट का आरोप
शिकायत के अनुसार, 28 जून की सुबह करीब नौ बजे नाश्ता बनाने के बाद जब उसने अपना मोबाइल वापस मांगा तो शैलेश सिंह ने देने से इनकार कर दिया। इसके बाद पूर्व डीजी, उनके बेटे शशांक सिंह और ड्राइवर मिश्रा ने उसके कमरे में घुसकर गाली-गलौज की और मारपीट करने के बाद उसे घर से बाहर निकाल दिया।
शशांक सिंह ने आरोपों को बताया निराधार
इस मामले में क्रिकेटर शशांक सिंह ने सभी आरोपों को गलत बताया है। उनका कहना है कि शिकायतकर्ता को खाना बनाना नहीं आता था और वह केवल रसोइया बनकर घर में आया था। शशांक का दावा है कि वह घर के अंदर निजी तस्वीरें और वीडियो बना रहा था तथा बिना अनुमति उनके कमरे में भी घुस गया था। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि शिकायतकर्ता नशा करता था। शशांक ने बंधक बनाने और मारपीट के आरोपों से भी इनकार किया।
पुलिस कर रही दोनों पक्षों के दावों की जांच
पुलिस आयुक्त संजय कुमार ने बताया कि युवक की शिकायत पर रातीबड़ थाना पुलिस ने पूर्व डीजी, उनके बेटे और ड्राइवर के खिलाफ मारपीट समेत अन्य धाराओं में एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस दोनों पक्षों के दावों और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर मामले की जांच कर रही है।
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