MP कैबिनेट के बड़े फैसले: छिंदवाड़ा समेत 4 जिलों की सिंचाई योजनाओं को ₹3378 करोड़, कैम्पा फंड से मिले 2050 करोड़
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में छिंदवाड़ा, मुरैना, सिवनी और सागर की चार सिंचाई परियोजनाओं को प्रशासनिक मंजूरी दी गई। इनमें छिंदवाड़ा सिंचाई कॉम्प्लेक्स के लिए 2611.13 करोड़ रुपये स्वीकृत हुए।
Publish Date: Wed, 28 Oct 2026 12:39:28 PM (IST)Updated Date: Wed, 28 Oct 2026 12:39:28 PM (IST)
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंत्रिपरिषद (कैबिनेट) की बैठक आयोजित हुई। सौ- जनसंपर्क विभागHighLights
- चार जिलों की सिंचाई परियोजनाओं को 3378.69 करोड़
- कैम्पा फंड से वन संरक्षण के लिए 2050 करोड़
- शिक्षा, स्वास्थ्य और अन्य विभागों के लिए मंजूरी
डिजीटल डेस्क, भोपाल। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में हुई मंत्रिपरिषद (कैबिनेट) की बैठक में राज्य के विकास से जुड़े कई अहम फैसले लिए गए हैं। कैबिनेट ने छिंदवाड़ा, मुरैना, सागर और सिवनी जिले की चार बड़ी सिंचाई परियोजनाओं के लिए 3378.69 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान की है। ये सभी मंजूरियां वर्ष 2026-27 से 2030-31 की अवधि के लिए दी गई हैं।
छिंदवाड़ा में सबसे बड़ा प्रोजेक्ट
कैबिनेट बैठक में जिन चार प्रमुख सिंचाई परियोजनाओं को हरी झंडी मिली है, उनमें छिंदवाड़ा सिंचाई कॉम्प्लेक्स प्रोजेक्ट सबसे बड़ा है।
छिंदवाड़ा सिंचाई कॉम्प्लेक्स: इसके लिए सर्वाधिक 2611.13 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं। इस योजना के तहत 1.90 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में ड्रिप-स्प्रिंकलर सिंचाई सुविधा विकसित करने का लक्ष्य है।
मुरैना की चेंटीखेड़ा परियोजना: इसके लिए 531.15 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं।
सिवनी की पेंच डायवर्जन प्रोजेक्ट: इसके लिए 197 करोड़ रुपये मंजूर हुए हैं।
सागर की पंचमनगर परियोजना: इसके लिए 39.41 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की गई है।
वन संरक्षण: कैम्पा फंड से 2050 करोड़ मंजूर
वन संरक्षण और पर्यावरण को बढ़ावा देने के लिए कैबिनेट ने कैम्पा निधि (क्षतिपूरक वनीकरण कोष प्रबंधन एवं योजना प्राधिकरण) से 2050 करोड़ रुपये मंजूर किए हैं। इस राशि का उपयोग अतिक्रमण से जंगलों को हुए नुकसान की भरपाई, बिगड़े वनों के सुधार, नदियों के जलग्रहण क्षेत्रों में वनीकरण, मृदा-जल संरक्षण और वन्यजीव क्षेत्रों में रहवास विकास पर किया जाएगा। साथ ही, जंगलों में गश्त बढ़ाने के लिए 100 मल्टी-परपज व्हीकल भी खरीदे जाएंगे।
निकाए गए अन्य प्रमुख निर्णय
शिक्षा विभाग के नए कार्यालय
प्रदेश के चार नए जिलों निवाड़ी, मऊगंज, पांढुर्णा और मैहर में जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) कार्यालयों की स्थापना को मंजूरी दी गई है। इसके लिए प्रत्येक जिले में 17 नए पद सृजित करने और 8 कर्मचारियों को आउटसोर्स से रखने का निर्णय लिया गया है।
स्वास्थ्य एवं अन्य विभाग
लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग में मॉनिटरिंग और प्रशासनिक व्यवस्था के लिए 1743.58 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं। सामाजिक न्याय विभाग के अंतर्गत दिव्यांगजन कार्यालय, वेतन-भत्तों और कलापथक योजना के लिए 651.25 करोड़ रुपये स्वीकृत हुए हैं।
ईओडब्ल्यू और विधि विभाग
ईओडब्ल्यू के लिए 27.52 करोड़, 11 करोड़ व 7 करोड़ तथा विधि विभाग के लिए 40 करोड़ रुपये की मंजूरियां दी गई हैं।