डीजे का शोर मां-बेटी के लिए बना सजा, NGT में लगाई याचिका, इटारसी के वृंदावन गार्डन की जांच के लिए बनाई कमेटी
विवाह समारोह में बजने वाला डीजे ने जीना मुश्किल किया तो इटारसी की न्यास कॉलोनी में रहने वाली एक बुजुर्ग महिला और उनकी बेटी ने इस पर अंकुश के लिए कानून ...और पढ़ें
Publish Date: Thu, 30 Apr 2026 03:43:24 PM (IST)Updated Date: Thu, 30 Apr 2026 03:43:24 PM (IST)
डीजे के शोर पर मां-बेटी ने NGT में लगाई याचिका (फाइल फोटो)HighLights
- डीजे का शोर मां-बेटी के लिए बना सजा, NGT में लगाई याचिका
- मैरिज गार्डन में डीजे और वाहनों के धुएं से हुईं परेशान
- इटारसी की न्यास कॉलोनी का मामला, संयुक्त समिति करेगी जांच
नईदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल। विवाह समारोह में बजने वाला डीजे ने जीना मुश्किल किया तो इटारसी की न्यास कॉलोनी में रहने वाली एक बुजुर्ग महिला और उनकी बेटी ने इस पर अंकुश के लिए कानूनी राह पकड़ ली। दरअसल, उनके घर के ठीक पास बना एक मैरिज गार्डन है। वहां आए दिन होने वाले विवाह समारोह में तेज आवाज में डीजे बजने और शोर-शराबा होता है। इससे मां-बेटी ने राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) में याचिका दायर की है।
इस पर सुनवाई करते हुए एनजीटी ने जांच के लिए संयुक्त समिति भी गठित कर दी है। इटारसी की रहने वाली सुवर्णा चौधरी ने याचिका में बताया कि वह तीन दशक से न्यास कॉलोनी में अपनी 67 वर्षीय वृद्ध मां के साथ रह रही हैं। उनके घर के ठीक पास स्थित वृंदावन गार्डन ने उनकी रातों की नींद उड़ा दी है।
देर रात तक बजने वाले डीजे ट्रक्स, लाउडस्पीकर और पटाखों के शोर ने बुजुर्ग मां की सेहत को खतरे में डाल दिया है। सिर्फ शोर ही नहीं, बल्कि गार्डन में आने वाले मेहमानों की गाड़ियां भी सड़कों पर इस तरह खड़ी कर दी जाती हैं कि घर से निकलना मुश्किल हो जाता है। रात भर चलने वाले भारी-भरकम जनरेटरों का दमघोंटू धुआं और सड़कों पर फेंका गया खाना और गंदगी पूरी कॉलोनी के माहौल को जहरीला बना रहा है।
चार सप्ताह में रिपोर्ट देगी समिति, होगी कठोर कार्रवाई
एनजीटी की सेंट्रल जोन बेंच ने इसे गंभीरता से लेते हुए केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, केंद्रीय पर्यावरण एवं वन मंत्रालय और मध्य प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के प्रतिनिधियों की संयुक्त समिति बना दी है। इसके साथ ही आदेश दिया है कि यह टीम मौके पर जाकर हकीकत देखेगी और चार हफ्ते के भीतर अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी।
जांच में यदि नियमों का उल्लंघन पाया गया, तो मैरिज गार्डन पर न केवल भारी जुर्माना लगेगा, बल्कि उसे हमेशा के लिए बंद भी किया जा सकता है। मामले की अगली सुनवाई नौ जुलाई को होगी।