भोपाल में ISBT पर RTO का बड़ा एक्शन: 18 बसें जांचीं, 2 जब्त और 2 की फिटनेस निरस्त; 75 हजार वसूला जुर्माना
आईएसबीटी में यात्री बसों की फायर सेफ्टी, इमरजेंसी एग्जिट और परमिट शर्तों की जांच की गई। नियमों का उल्लंघन मिलने पर दो बसों को जब्त किया गया
Publish Date: Thu, 10 Sep 2026 09:53:41 PM (IST)Updated Date: Thu, 10 Sep 2026 09:53:41 PM (IST)
भोपाल में आईएसबीटी पर आरटीओ ने यात्री बसों की जांच की। नईदुनिया।HighLights
- आईएसबीटी पर तीन घंटे चला चेकिंग अभियान
- 18 यात्री बसों की जांच, दो बसें जब्त, दो की फिटनेस निरस्त
- पांच वाहनों पर कार्रवाई कर 75 हजार रुपये जुर्माना वसूला
नईदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल । परिवहन आयुक्त के निर्देश पर क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (आरटीओ) और स्टाफ ने बुधवार को आईएसबीटी बस स्टैंड पर यात्री बसों के खिलाफ विशेष चेकिंग अभियान चलाया। शाम सात से रात 12 बजे तक चले अभियान में यात्री सुरक्षा और फायर सेफ्टी व्यवस्था की जांच की गई। इस दौरान करीब 18 यात्री बसों की जांच की गई।
नियमों का उल्लंघन मिलने पर दो बसों को जब्त किया गया, जबकि दो बसों की फिटनेस निरस्त कर दी गई। इसके अलावा चार यात्री बसों और एक अन्य वाहन के खिलाफ परमिट शर्तों के उल्लंघन और मोटरयान अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत कार्रवाई की गई। इनसे कुल 75 हजार रुपये का जुर्माना वसूला गया।
ड्राइवर केबिन में अतिरिक्त सीट, इमरजेंसी एग्जिट मिला बंद
चेकिंग के दौरान यात्री बस एमपी 07 जेडक्यू 9386 को परमिट शर्तों के उल्लंघन के कारण जब्त किया गया। वहीं एमपी 04 पीए 2877 में ड्राइवर केबिन में अतिरिक्त सीटें लगी मिलीं। इस बस को भी जब्त किया गया।
इसके अलावा इसी बस की फिटनेस भी निरस्त की गई। एक अन्य यात्री बस एमपी 36 पी 2277 में इमरजेंसी एग्जिट
बंद मिला। सुरक्षा मानकों के उल्लंघन पर इसकी फिटनेस भी निरस्त कर दी गई।
सुरक्षा और आपातकालीन सुविधाएं नदारद
परिवहन विभाग के अनुसार अभियान का मुख्य उद्देश्य बसों में यात्रियों की सुरक्षा व्यवस्था, आपात स्थिति में बाहर निकलने के रास्ते और फायर सेफ्टी इंतजामों की जांच करना था।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि यात्री बसों में सुरक्षा मानकों का पालन नहीं करने वालों के खिलाफ आगे भी कार्रवाई जारी रहेगी। अधिकारियों के अनुसार आईएसबीटी समेत शहर के अन्य स्थानों पर भी यात्री वाहनों की जांच की जाएगी।
परिवहन आयुक्त के निर्देश पर आईएसबीटी में यात्री बसों की फायर सेफ्टी, इमरजेंसी एग्जिट और परमिट शर्तों की जांच की गई।
जिन बसों में सुरक्षा मानकों और नियमों का उल्लंघन मिला, उनके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की गई है। यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। बस संचालकों को भी निर्देश दिए गए हैं कि वे वाहनों में सुरक्षा मानकों का पूरी तरह पालन करें, ताकि यात्रियों को किसी तरह का खतरा न हो। - डॉ. जितेंद्र शर्मा, आरटीओ, भोपाल