
नईदुनिया प्रतिनिधि, भोपाल। राज्यसभा में केंद्रीय पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी अब मध्य प्रदेश का प्रतिनिधित्व करेंगे। भाजपा ने उन्हें केंद्रीय मंत्री डॉ. एल. मुरुगन के त्यागपत्र से रिक्त सीट पर हुए उपचुनाव का प्रत्याशी बनाया था।
नाम वापसी की समय सीमा तीन बजे के बाद परिणाम की औपचारिक घोषणा कर दी गई। पुरी द्वारा अधिकृत भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष एवं विधायक हेमंत खंडेलवाल को रिटर्निंग ऑफिसर उमेश शर्मा ने प्रमाण पत्र सौंपा। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा, विधायक रामेश्वर शर्मा सहित अन्य पार्टी पदाधिकारी उपस्थित रहे।
उपचुनाव में हरदीप सिंह पुरी के अलावा दो निर्दलीय उम्मीदवारों ने भी नामांकन पत्र जमा किया था। इसमें कांग्रेस समर्थित निर्दलीय प्रत्याशी राजकुमार लोहानी का नामांकन शपथ पत्र प्रस्तुत नहीं करने और कांते सायन्ना का प्रस्तावक नहीं मिलने के आधार पर निरस्त हो गया था। साथ ही पुरी के निर्विरोध निर्वाचन का रास्ता साफ हो गया था।
पुरी के नामांकन में 100 से ज्यादा कमियां होने का दावा करते हुए कांग्रेस ने आपत्तियां दर्ज कराई थीं। पत्नी के नाम, विदेशी संपत्तियों और बैंक खातों की जानकारी पर सवाल उठाए गए, लेकिन रिटर्निंग ऑफिसर ने सभी आपत्तियां खारिज कर दीं।
वे वर्तमान में उत्तर प्रदेश से राज्यसभा सदस्य हैं और उनका कार्यकाल 25 नवंबर 2026 को समाप्त हो रहा था। पार्टी ने इस बार उन्हें उत्तर प्रदेश के स्थान पर मध्य प्रदेश से राज्यसभा भेजने का निर्णय लिया। उनका कार्यकाल अप्रैल 2030 तक रहेगा।
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