

नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। मध्य प्रदेश के सरकारी स्कूलों में ई-अटेंडेंस को लेकर लोक शिक्षण विभाग ने नियमों को कड़ा कर दिया है। वेतन रुकने और कटने के डर से प्रदेश के 95 प्रतिशत से अधिक शिक्षक अब तक हमारे शिक्षक ऐप पर ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज कराने लगे थे, लेकिन अब विभाग ने समय-सीमा का नया बंधन लागू कर दिया है, जिससे शिक्षकों में भारी असंतोष देखने को मिल रहा है।
नए दिशा-निर्देशों के अनुसार शिक्षकों को स्कूल पहुंचते ही सुबह 10.15 बजे तक एप पर ई-अटेंडेंस के जरिए लॉग-इन करना होगा। इसके बाद कम से कम छह घंटे यानी शाम 4.15 बजे के बाद ही वे लॉग-आउट कर सकेंगे। शिक्षकों के लाग-इन और लॉग-आउट का पूरा डेटा दो से तीन दिनों के भीतर जिला शिक्षा अधिकारी और वरिष्ठ अधिकारियों को भेजा जाएगा।
शिक्षक स्कूलों में पहुंचकर सुबह नौ बजे से 10.30 तक लाग इन कर सकते है, लेकिन निर्देशानुसार उन्हें 10.30 तक लॉग इन करना होगा। इसके साथ ही 4.30 बजे के बाद नौ बजे तक संस्था से लॉग आउट कर सकते हैं।
लेकिन पिछले चार दिन से एप में डीपीआई स्तर से टाइम टेबल में बदलाव किए जा रहे हैं। इस वजह से शिक्षकों को लॉग इन व लॉग आउट करने में परेशानी आ रही है। 13 अगस्त को तो जिले के शिक्षक स्कूलों से लॉग आउट नहीं हो पाए। हालांकि बाद डीपीआई ने कहीं से भी लॉग आउट करने की छूट दे दी।
समय की परेशानी नहीं लेकिन लॉग इन और लॉग आउट की परेशानी
शिक्षक अरविंद दीक्षित का कहना है कि स्कूल में छह घंटे समय देना परेशानी नहीं, बल्कि नियम है। लेकिन शिक्षकों को परेशानी अक्सर लॉग इन व लॉग आउट करने में होती है, क्योंकि स्कूल पहुंचने पर जब एप में लॉग इन करते हैं तो सर्वर ही गायब हो जाते हैं।
यही हालत लॉग आउट करते समय होती है। ऐसे में शिक्षकों का ध्यान पढ़ाने में कम लॉग इन और लॉग आउट पर बना रहता है। इसके साथ ही घाटीगांव क्षेत्र के कई इलाकों में तो नेटवर्क की समस्या रहती है। ऐसे में यहां के शिक्षकों को अधिक परेशानी होती है।
यह भी पढ़ें- शिक्षक एप का सर्वर ठप, जबलपुर में लॉगआउट नहीं कर सके; कोई पेड़ पर चढ़ा तो कोई छत पर
13 अगस्त को सर्वर में दिक्कत आई थी। इसलिए शिक्षक लॉग आउट नहीं हो पाए थे, लेकिन अब एप में लॉगइन का समय सुबह 10.30 बजे तक कर दिया गया है। इसके बाद अब 4.30 बजे के बाद लॉग आउट कर सकते हैं। - अरविंद सिंह तोमर, आईटी प्रभारी, जिला शिक्षा कार्यालय।