
नईदुनिया प्रतिनिध आरा/इंदौर : भोजपुर जिले के भरत भूषण तिवारी मुठभेड़ प्रकरण में इंटरनेट मीडिया पर पुलिस अधिकारियों को कथित रूप से गोली मारने की धमकी देने और भड़काऊ सामग्री प्रसारित करने के मामले में दीपक दीक्षित उर्फ पंडित के विरुद्ध आरा के साइबर थाने में प्राथमिकी की गई है। पुलिस के अनुसार, दीपक दीक्षित उर्फ पंडित उत्तर प्रदेश के रायबरेली जिले के डेहली, शिवगढ़ का निवासी है। पुलिस का दावा है कि उसका पूर्व से भी आपराधिक इतिहास रहा है।
मध्य प्रदेश के इंदौर स्थित कोतवाली थाना एवं महिला थाने में उसके विरुद्ध दुष्कर्म, छेड़खानी, वीडियो एवं फोटो प्रसारित कर स्वजन को धमकी देने जैसे आरोपों में मामले दर्ज होने की जानकारी मिली है। एसपी राज ने बताया कि दीपक दीक्षित उर्फ पंडित द्वारा विभिन्न इंटरनेट मीडिया प्लेटफार्म के माध्यम से पुलिस अधिकारियों के खिलाफ आपत्तिजनक, भड़काऊ एवं धमकीपूर्ण भाषा का प्रयोग किया गया है। इससे न केवल पुलिस को खुली चुनौती दी गई है, बल्कि जनमानस को भड़काने और कानून-व्यवस्था प्रभावित करने का भी प्रयास किया गया है। मामले में उपलब्ध डिजिटल एवं तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण किया जा रहा है। इंटरनेट मीडिया का दुरुपयोग कर हिंसा के लिए उकसाने अथवा पुलिस अधिकारियों को धमकी देने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
भोजपुर जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र के बिलौटी गांव में 17 जून को भरत भूषण तिवारी का कथित एनकाउंटर हुआ था। इसके बाद से इंटरनेट मीडिया पर इस मामले को लेकर कई तरह की भ्रामक एवं भड़काऊ पोस्ट प्रसारित किए जा रहे है। इन्हीं पोस्टों के क्रम में दीपक दीक्षित उर्फ पंडित द्वारा भी कथित रूप से पुलिस अधिकारियों के विरुद्ध धमकीपूर्ण टिप्पणियां की गईं। एसपी ने कहा कि पुलिस किसी भी व्यक्ति को कानून हाथ में लेने या इंटरनेट मीडिया के माध्यम से हिंसा एवं वैमनस्य फैलाने की अनुमति नहीं देगी। ऐसे लोगों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।