
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर। मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादन द्वारा बुधवार को जिला अस्पताल की नई इमारत का लोकार्पण किया गया। पहले जिला अस्पताल में प्रसूति व आकस्मिक दुर्घटना उपचार के मामले ही ज्यादा आते थे। 100 बेड के जिला अस्पताल एक तरह से रैफरल सेंटर ही बना हुआ था।
यहां से अधिकांश गंभीर मरीजों को एमवायएच व पीसी सेठी अस्पताल ही रैफर किया जाता था। अब 300 बेड के जिला अस्पताल की नई इमारत बनने के बाद यहां पर एमवायएच व पीसी सेठी अस्पताल स्तर की जांच व उपचार सुविधाएं मरीजों को मिल सकेगी।
नार्मल और सिजेरियन डिलीवरी, जनरल मेडिसिन, जनरल सर्जरी, हड्डी रोग, नाक, कान, गला, रोग सेवाएं प्रतिदिन मिलेगी। आंखों के लिए नया ओटी बनाने के लिए स्वास्थ्य आयुक्त धनराजू द्वारा निर्देश दिए गए है।
सीटी स्केन, एमआरआई, एक्स-रे, पैथालाजी, मेडिकल व दिव्यांग बोर्ड, पोस्टमार्टम, कैंसर के लिए कीमोथैरेपी, संपूर्ण प्रसूति सुविधा, सोनोग्राफी, आइसीयू, एनबीटी यूनिट आदि सुविधाएं शुरू हो चुकी है।
जिला अस्पताल में अभी 130 बेड की उपलब्ध हैं। 170 बेड मंगाए जा रहे हैं। दूसरे अस्पतालों में जो एक्यूपमेंट उपयोग में नहीं आ रहे है वो मंगवाएं जा रहे हैं। फिलहाल 500 से ज्यादा मरीजों का इलाज हो रहा है। पूरी क्षमता के साथ शुरू होने पर प्रतिदिन 1500 से दो हजार से ज्यादा मरीजों का उपचार किया जाएगा। माधव हासानी, सीएमएचओ