
नईदुनिया प्रतिनिधि, इंदौर : भंवरकुआं चौराहे पर नीट पेपर लीक मामले को लेकर शुक्रवार को भी युवाओं का धरना जारी है। आंदोलन अब धीरे-धीरे बड़ा रूप लेता जा रहा है। पहले सिर्फ युवा इसमें शामिल हो रहे थे। वहीं अब कालेज के छात्र-छात्राएं, अभिभावक और समाज के अन्य वर्ग भी इस आंदोलन से जुड़े गए है। दिनभर बड़ी संख्या में लोग धरना स्थल पर पहुंचकर अपना समर्थन देने में लगे है। यहां युवा अपने हाथों में पोस्टर थामकर नारेबाजी कर रहे है।
धरना स्थल पर पूरे दिन युवाओं ने शिक्षा व्यवस्था को लेकर अपनी चिंता व्यक्त की। उनका कहना है कि पेपर लीक जैसी घटनाओं से मेहनत करने वाले छात्रों का भविष्य प्रभावित होता है। युवाओं ने मांग की कि प्रतियोगी परीक्षाओं को पूरी तरह पारदर्शी और सुरक्षित बनाया जाए। ताकि किसी भी छात्र के साथ अन्याय न हो।
आंदोलन में शामिल छात्र-छात्राओं ने सरकार से इस मामले में सख्त कार्रवाई करने की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने शिक्षा व्यवस्था में सुधार और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई पर जोर दिया है। धरना स्थल पर कुछ वकील भी पहुंचे और आंदोलन को अपना समर्थन दिया।
उन्होंने कहा कि छात्रों के भविष्य से जुड़े मामलों में निष्पक्ष जांच और उचित कार्रवाई बेहद जरूरी है। अभिभावकों ने भी बच्चों के साथ खड़े होकर अपनी चिंता जाहिर की और परीक्षा प्रणाली को भरोसेमंद बनाने की मांग उठाई। प्रदर्शनकारी शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग भी कर रहे हैं। वे कहते है कि छात्रों के हितों की रक्षा के लिए जवाबदेही तय होना आवश्यक है। भंवरकुआं चौराहे पर जारी यह आंदोलन अब शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग को लेकर एक व्यापक जनआवाज बनता दिखाई दे रहा है।