खंडवा जिला जिले में विचाराधीन बंद की तबीयत बिगड़ी, अस्पताल ले जाते वक्त मौत
विचाराधीन बंदी जीतेंद्र के परिजनों ने घटना की निष्पक्ष जांच की मांग की है। वहीं जेलर यशवंत मांझी ने कहा कि 'बंदी की तबीयत अचानक खराब हुई थी। जेल के डॉ ...और पढ़ें
Publish Date: Sat, 22 Nov 2025 01:07:16 PM (IST)Updated Date: Sat, 22 Nov 2025 01:20:22 PM (IST)
जीतेंद्र उर्फ़ जीतू पुत्र रविशंकर निवासी छनेरा की हुई मौत।HighLights
- जीतेंद्र को हरसूद न्यायालय द्वारा 20 नवंबर को जेल भेजा गया था।
- वर्ष 2022 के आबकारी एक्ट के प्रकरण में वह विचाराधीन बंदी था।
- हालत खराब होने पर तत्काल मेडिकल टीम ने अस्पताल रेफर किया था।
नईदुनिया प्रतिनिधि, खंडवा। जननायक शहीद टंट्या भील जिला जेल में शनिवार सुबह एक विचाराधीन बंदी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। जानकारी के अनुसार 32 वर्षीय जीतेंद्र उर्फ़ जीतू पुत्र रविशंकर निवासी छनेरा को शनिवार सुबह अचानक तबियत बिगड़ने पर करीब छह बजे जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
जीतेंद्र को हरसूद न्यायालय द्वारा 20 नवंबर को जेल भेजा गया था। वर्ष 2022 के आबकारी एक्ट के प्रकरण में वह विचाराधीन बंदी था। जेल सूत्रों ने बताया कि सुबह उसकी हालत खराब होने पर तत्काल मेडिकल टीम ने प्राथमिक जांच की और उसे जिला अस्पताल रेफर किया गया, लेकिन वहां पहुंचने से पहले ही उसकी मौत हो चुकी थी।
पीएम रिपोर्ट सामने आने के बाद ही मौत का कारण साफ होगा
अस्पताल में चिकित्सकों ने प्रारंभिक जांच के बाद शव को पोस्टमार्टम हेतु भेज दिया। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस प्रशासन, जेल अधिकारी और मृतक के परिजन अस्पताल पहुंच गए। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही मृत्यु का कारण स्पष्ट हो सकेगा।
उधर, मृतक के भाई सुधाकर सांगुले ने घटना की निष्पक्ष जांच की मांग की है। वहीं जेलर यशवंत मांझी ने कहा कि बंदी की तबीयत अचानक खराब हुई थी। जेल के डॉक्टर द्वारा जांच के बाद उसे जिला अस्पताल रेफर किया गया, जहां उसकी मौत हो गई। मामले में जांच जारी है, अभी कुछ कहना संभव नहीं है। मामला संवेदनशील होने के कारण पुलिस और जेल विभाग दोनों ही स्तरों पर जांच में जुटे हुए हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।