बिहार के वैशाली में नांव डूबने से 13 की मौत, मरने वालों में एक ही परिवार की 7 बच्चियां; PM मोदी ने जताया दुख
वैशाली के राघोपुर में गंगा की उपधारा में नाव पलटने से 13 बच्चों की डूबकर मौत हो गई। क्षमता से अधिक भार के कारण श्राद्ध भोज में जा रहे लोगों की नाव दुर्घटनाग्रस्त हुई।
Publish Date: Wed, 14 Oct 2026 07:29:37 AM (IST)Updated Date: Wed, 14 Oct 2026 07:37:46 AM (IST)
बिहार के वैशाली में नांव डूबने से 13 की मौत। (जागरण)HighLights
- वैशाली के राघोपुर में नाव पलटने से भीषण हादसा।
- क्षमता से अधिक सवारियों के कारण डूबी नाव।
- हादसे में 13 बच्चों की दर्दनाक मौत हुई।
डिजिटल डेस्क। वैशाली जिले के राघोपुर थाना क्षेत्र के रामपुर श्यामचंद पंचायत में मंगलवार रात एक बेहद दर्दनाक घटना सामने आई। गंगा की उपधारा (ढाब) में नाव पलटने से 13 बच्चों की डूबकर असमय मौत हो गई, जिसमें 7 एक ही परिवार की थीं। इस भीषण हादसे के बाद से पूरे इलाके में कोहराम मचा हुआ है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हादसे पर दुख जताया है।
सीएम ने किया मुआवजे का एलान
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने हादसे में दुख जताया। प्रशासन को तुरंत राहत बचाव के कार्यों में तेजी लाने को कहा गया है। मृतकों के परिजनों को चार-चार लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने का एलान किया है।
पीएम मोदी ने जताया शोक
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी बिहार के वैशाली में नाव पलटने से मरी बच्चियों के शोकाकुल परिवार के पोस्ट किया। उन्होंने दुख जताते हुए पीड़ित परिवारों को प्रति संवेदनाएं जताईं। मैं सभी घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूं। पीएमएनआरएफ की ओर से मृतकों के परिजनों को 2 लाख रुपये की राशि और घायलों को 50,000 रुपये देने का एलान किया।
श्राद्ध के भोज में शामिल होने जा रहे थे ग्रामीण
मिली जानकारी के मुताबिक रामपुर श्यामचंद पंचायत के भगतान टोला (माता महारानी स्थान के पास) निवासी सिंघेश्वर राय के घर श्राद्ध का भोज आयोजित था। भोज में शामिल होने के लिए करीब 20 से 25 लोग एक छोटी नाव पर सवार होकर ढाब के दूसरे किनारे जा रहे थे। क्षमता से अधिक भार और संतुलन बिगड़ने की वजह से नाव बीच धारा में ही पलट गई।
चीख-पुकार सुनकर दौड़े ग्रामीण, बचाव कार्य शुरू
हादसा होते ही मौके पर चीख-पुकार मच गई। शोर सुनकर रामपुर श्यामचंद समेत आसपास के गांव वाले तुरंत घटनास्थल की ओर दौड़े। स्थानीय लोगों ने अपनी जान जोखिम में डालकर नदी में छलांग लगाई और करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद डूब रहे कई लोगों को बाहर निकाला।
अस्पताल पहुंचते ही मची अफरा-तफरी
- बचाए गए लोगों और बच्चों को आनन-फानन में इलाज के लिए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, राघोपुर फतेहपुर ले जाया गया। अस्पताल लाए गए 17 बच्चों में से डॉक्टरों ने जांच के बाद 13 को मृत घोषित कर दिया। वहीं तीन मासूमों की नाजुक स्थिति को देखते हुए प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए पीएमसीएच (PMCH) पटना रेफर कर दिया गया। एक बच्चे का इलाज स्थानीय पीएचसी में जारी है, जिसकी स्थिति स्थिर बताई जा रही है।
- अस्पताल परिसर में परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक टीम मौके पर पहुंच गई है और राहत व आगे की आवश्यक कार्रवाई में जुटी हुई है।
हादसे में जान गंवाने वाले मृतकों की सूची
- मीरा कुमारी (पिता: रामनरेश राय)
- निशु कुमारी (पिता: सत्येंद्र राय)
- अनिषा कुमारी (पिता: सुरेंद्र राय)
- सुनीता कुमारी (पिता: राज किशोर राय)
- आर्यन कुमार (पिता: गांधी राय)
- मोहन कुमार (पिता: अखिलेश राय)
- अमृता कुमारी (पिता: राज किशोर राय)
- अंकिता कुमारी (पिता: राज किशोर राय)
- पिंकी कुमारी (पिता: डोमन राय)
- नमन कुमार (पिता: मुकेश राय)
- सिकी कुमारी (पिता: सुरेश राय)
- भोनू कुमारी (पिता: रामप्रवेश राय)
- सोनम कुमारी (पिता: नरेश राय)