• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
  • मेरी खबरें
मेरी खबरें
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • कोरोना वायरस
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • त्विषा शर्मा केस
  • भोजशाला पर फैसला
  • ए आई बूटकैंप
  • एलपीजी संकट
  • गर्मी का मौसम
  • मध्‍य प्रदेश की खबरें
  • वास्‍तु शास्‍त्र
  • स्वच्छ जल
  • होम
  • देश

CJP ने खत्म किया आंदोलन... सरकार के साथ बनी सहमति, सीजेपी की मांगें मंजूर, चार हफ्ते बाद सुधारों पर फिर होगी बैठक

केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद संविधान क्लब में हुई अहम बैठक के साथ ही कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) और केंद्र सरकार के बीच ज...और पढ़ें

By Digital DeskEdited By: Dheeraj Belwal
Publish Date: Sat, 25 Jul 2026 05:51:18 PM (IST)Updated Date: Sat, 25 Jul 2026 05:51:18 PM (IST)
CJP ने खत्म किया आंदोलन... सरकार के साथ बनी सहमति, सीजेपी की मांगें मंजूर, चार हफ्ते बाद सुधारों पर फिर होगी बैठक
दिल्ली के जंतर-मंतर पर सीजेपी का धरना समाप्त।

HighLights

  1. दिल्ली के जंतर-मंतर पर सीजेपी का धरना समाप्त
  2. मुकदमों की वापसी-मुआवजे पर मिला आश्वासन
  3. शिक्षा मंत्री के इस्तीफे के बाद अब सुलझा विवाद

डिजिटल डेस्क। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद संविधान क्लब में हुई अहम बैठक के साथ ही कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) और केंद्र सरकार के बीच जारी गतिरोध समाप्त हो गया है। केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और डॉ. जितेंद्र सिंह के साथ सीजेपी प्रतिनिधिमंडल की सफल बातचीत के बाद आयोजित संयुक्त प्रेस वार्ता में आंदोलनकारियों ने जंतर-मंतर पर चल रहे धरने को समाप्त करने की आधिकारिक घोषणा की।

सीजेपी के प्रतिनिधियों सौरव दास और आशुतोष रांका ने बताया कि सरकार द्वारा उनकी प्रमुख मांगों को स्वीकार कर लिया गया है। इसके बाद उन्होंने जंतर-मंतर पर डटे प्रदर्शनकारियों से शांतिपूर्ण ढंग से अपने-अपने घर लौटने की अपील की।

#WATCH दिल्ली: सरकार के साथ बातचीत के बाद कॉकरोच जनता पार्टी(CJP) के मुख्य प्रवक्ता सौरव दास ने कहा, "कॉकरोच जनता पार्टी यह ऐलान करती है कि हम अच्छी नीयत से आंदोलन वापस ले रहे हैं, इस समझ के साथ कि तय शर्तों को तय टाइमलाइन के अंदर पूरा किया जाएगा।" pic.twitter.com/1KFob83trX

— ANI_HindiNews (@AHindinews) July 25, 2026

मांगों पर बनी सहमति और कानूनी कार्रवाई रद्द करने का आश्वासन


वार्ता के बाद सीजेपी नेता सौरव दास ने कहा कि शिक्षा मंत्री का त्यागपत्र उनकी पहली प्रमुख मांग थी, जिसे पूरा कर दिया गया है। दूसरी मुख्य मांग देश भर में प्रदर्शनकारियों पर दर्ज प्राथमिकियों (FIR) को रद्द करने की थी, जिस पर भी सरकार ने सहमति व्यक्त की है।

उन्होंने जानकारी दी कि सरकार अगले तीन से चार दिनों के भीतर सभी एफआईआर की प्रतियां उनके साथ साझा करेगी और दर्ज मामले वापस लिए जाएंगे।

#WATCH दिल्ली: कॉकरोच जनता पार्टी के डेलीगेशन से बातचीत के बाद केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने कहा, "आज हमारी लंबी बातचीत हुई। वे एक लिखा हुआ ड्राफ्ट लाए थे जिसमें उन्होंने आंदोलन में चल रहे केस के बारे में 4 पॉइंट्स रखे थे। इसके साथ ही, हमने बाकी 2 मांगों पर भी बात की: कोई बदले की… pic.twitter.com/rESCGK2Ozx

— ANI_HindiNews (@AHindinews) July 25, 2026

प्रदर्शनकारियों को लिखित गारंटी और 5-सूत्रीय एजेंडा

बैठक के दौरान तय हुआ कि किसी भी आंदोलनकारी या सीजेपी के आयोजक के खिलाफ कोई दंडात्मक कार्रवाई नहीं की जाएगी। सरकार ने आगामी मंगलवार तक इस संबंध में लिखित आश्वासन देने का वादा किया है।

इसके अतिरिक्त, सीजेपी द्वारा सौंपे गए पांच-सूत्रीय मांग पत्र पर भी सहमति बनी है। प्रशासनिक सुधारों पर विस्तृत चर्चा के लिए दोनों पक्ष चार सप्ताह के भीतर दोबारा बैठक करेंगे।

यह भी पढ़ें- धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफे के बाद बदला X प्रोफाइल, बायो से हटाया 'शिक्षा मंत्री', बढ़ते विरोध के बीच लिया फैसला

सरकार का रुख: मुआवजा और निष्पक्षता

संयुक्त संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने कहा कि आंदोलनकारियों के प्रतिनिधिमंडल के साथ सभी मुद्दों पर सकारात्मक चर्चा हुई। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रदर्शनकारियों को मुकदमों से संबंधित कागजात सौंपे जाएंगे और कोई भी बदले की कार्रवाई नहीं की जाएगी।

मुआवजे के मुद्दे पर नड्डा ने कहा कि सरकार की पूरी सहानुभूति प्रभावित लोगों के साथ है। नियमानुसार जो भी अधिकतम संभव सहायता या मुआवजा होगा, वह प्रदान किया जाएगा।