नीतीश कुमार का MLC पद से इस्तीफा,क्या भाजपा का नेता इस बार बनेगा बिहार का सीएम, अटकलें तेज
नीतीश कुमार ने बिहार विधान परिषद (MLC) सदस्य पद से इस्तीफा दे दिया है। बिहार की राजनीति में जातीय और सामाजिक समीकरणों को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्र ...और पढ़ें
Publish Date: Mon, 30 Mar 2026 11:40:43 AM (IST)Updated Date: Mon, 30 Mar 2026 11:42:04 AM (IST)
HighLights
- बीजेपी के नेतृत्व में सरकार बनने की संभावना
- बिहार की राजनीति में नए अध्याय की शुरुआत के संकेत
- सम्राट चौधरी सीएम पद की दौड़ में सबसे आगे
डिजिटल डेस्क। नीतीश कुमार ने बिहार विधान परिषद (MLC) सदस्य पद से इस्तीफा दे दिया है। दरअसल, 16 मार्च को उनके राज्य सभा के लिए निर्वाचित होने के बाद नियमों के तहत 14 दिनों के भीतर MLC पद छोड़ना अनिवार्य था, जिसकी समयसीमा आज समाप्त हो रही थी।
राजनीतिक सूत्रों के अनुसार, राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ लेने के बाद नीतीश कुमार मुख्यमंत्री पद से भी इस्तीफा दे सकते हैं। उनके संभावित इस्तीफे के साथ ही बिहार की राजनीति में एक नए अध्याय की शुरुआत के संकेत मिल रहे हैं।
बीजेपी के नेतृत्व में सरकार बनने की संभावना
साल 2005 में एनडीए की सरकार बनने के बाद से भारतीय जनता पार्टी राज्य में सहयोगी की भूमिका में रही है। हालांकि, मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों में पहली बार बीजेपी के नेतृत्व में सरकार बनने की संभावना जताई जा रही है।
नीतीश कुमार का राज्यसभा कार्यकाल 10 अप्रैल से शुरू होगा। इससे पहले ही राज्य में नई सरकार के गठन को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज होने के आसार हैं।
मुख्यमंत्री पद की रेस तेज
मुख्यमंत्री पद को लेकर अभी तक बीजेपी या जेडीयू की ओर से कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है। हालांकि, दोनों दलों के वरिष्ठ नेताओं के संकेत बताते हैं कि नीतीश कुमार के स्थान पर इस बार बीजेपी का कोई नेता मुख्यमंत्री बन सकता है।
सम्राट चौधरी सीएम पद की दौड़ में सबसे आगे
इस बीच, उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को सीएम पद की दौड़ में सबसे आगे माना जा रहा है। वे बीजेपी विधायक दल के नेता भी हैं और 2017 में पार्टी में शामिल होने के बाद से तेजी से उभरे हैं। कुशवाहा समुदाय में उनकी मजबूत पकड़ भी उनके पक्ष में मानी जा रही है।
नित्यानंद राय का नाम भी संभावित उम्मीदवारों में
साथ ही, केंद्रीय मंत्री नित्यानंद राय का नाम भी संभावित उम्मीदवारों में शामिल है। बिहार की ओबीसी-आधारित राजनीति में उनका कद लगातार बढ़ा है। हालांकि, उनके यादव समुदाय से आने को लेकर राजनीतिक समीकरण जटिल माने जा रहे हैं।
अटकलों का दौर जारी
बिहार की राजनीति में जातीय और सामाजिक समीकरणों को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री पद को लेकर मंथन जारी है। बीजेपी नेतृत्व अपने अप्रत्याशित फैसलों के लिए जाना जाता है, ऐसे में आधिकारिक घोषणा तक अटकलों का दौर जारी रहने की संभावना है।