
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। NEET-UG 2026 परीक्षा में कथित गड़बड़ियों और देशभर में जारी छात्र विरोध प्रदर्शनों के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने शनिवार (25 जुलाई) को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपना इस्तीफा सौंप दिया। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर उन्होंने कहा कि पिछले 10 दिनों की घटनाओं से उनका मन बेहद व्यथित है। उन्होंने यह भी कहा कि वह नहीं चाहते कि मौजूदा हालात का लाभ राष्ट्र विरोधी ताकतें उठाएं या छात्रों का भविष्य कानूनी विवादों में उलझे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के निर्देश पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने धर्मेंद्र प्रधान का त्यागपत्र स्वीकार कर लिया। इसके साथ ही केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी को उनके मौजूदा मंत्रालय के अतिरिक्त शिक्षा मंत्रालय का प्रभार सौंप दिया गया है। अब वह शिक्षा मंत्रालय की जिम्मेदारियां भी संभालेंगे।
President Droupadi Murmu, as advised by the Prime Minister, has accepted the resignation of Dharmendra Pradhan.
Further, as advised by the Prime Minister, the President has directed that Pralhad Joshi, Cabinet Minister, be assigned the charge of the Ministry of Education, in… pic.twitter.com/rMmTK99zdR
— ANI (@ANI) July 25, 2026
नीट पेपर लीक मामले को लेकर नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर 36 दिनों से चल रहे आंदोलन को कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने समाप्त करने की घोषणा की। संगठन ने आंदोलन में शामिल छात्रों से अपने-अपने घर लौटने की अपील भी की।
शनिवार को कॉन्स्टिट्यूशन क्लब में केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और डॉ. जितेंद्र सिंह के साथ हुई बैठक के बाद CJP प्रतिनिधियों ने दावा किया कि सरकार ने उनकी सभी प्रमुख मांगें स्वीकार कर ली हैं। इनमें धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा, आंदोलन से जुड़े मामलों को वापस लेने और NEET प्रभावित छात्रों को एक करोड़ रुपये का मुआवजा देने की मांग शामिल थी।