सुप्रीम कोर्ट की 'फ्रीबीज' पर सख्त टिप्पणी, तमिलनाडु सरकार से जवाब तलब
। सुप्रीम कोर्ट ने चुनाव से पहले मुफ्त सुविधाएं बांटने की प्रवृत्ति पर तमिलनाडु सरकार को कड़ी टिप्पणी करते हुए सख्त संदेश दिया है। शीर्ष अदालत ने कहा ...और पढ़ें
Publish Date: Thu, 19 Feb 2026 02:17:44 PM (IST)Updated Date: Thu, 19 Feb 2026 02:17:44 PM (IST)
सुप्रीम कोर्ट डिजिटल डेस्क। सुप्रीम कोर्ट ने चुनाव से पहले मुफ्त सुविधाएं बांटने की प्रवृत्ति पर तमिलनाडु सरकार को कड़ी टिप्पणी करते हुए सख्त संदेश दिया है। शीर्ष अदालत ने कहा कि इस मुद्दे पर अन्य राज्यों के लिए भी स्पष्ट संकेत देना जरूरी है।
क्या कहा कोर्ट ने
सुनवाई के दौरान मुख्य न्यायाधीश सीजेआई सूर्यकांत ने कहा कि बिना किसी भेदभाव के ‘फ्रीबीज’ बांटने की संस्कृति समाज में गलत संदेश देती है। उन्होंने पूछा कि यदि सरकारें मुफ्त भोजन, मुफ्त बिजली और मुफ्त साइकिल जैसी योजनाएं शुरू करती हैं, तो इससे किस प्रकार का कल्चर विकसित होगी।
सीजेआई ने टिप्पणी की कि जो लोग भुगतान करने में सक्षम हैं और जो सक्षम नहीं हैं, उनके बीच अंतर किए बिना मुफ्त सुविधाएं देना क्या तुष्टिकरण की नीति नहीं मानी जाएगी। उन्होंने कहा कि जरूरतमंदों के लिए कल्याणकारी योजनाएं समझ में आती हैं।
कई राज्यों में यही प्रवृत्ति
अदालत ने यह भी कहा कि सरकारों की जिम्मेदारी बुनियादी ढांचे, अस्पतालों, स्कूलों और कॉलेजों के विकास पर निवेश करना भी है। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि यह समस्या केवल एक राज्य तक सीमित नहीं है, बल्कि कई राज्यों में इसी प्रकार की प्रवृत्ति देखी जा रही है।