कानपुर में फर्जी डिग्री सिंडिकेट का भंडाफोड़, 9 राज्यों के 14 विश्वविद्यालयों के नाम पर चल रहा था 'खेल'
कानपुर की किदवई नगर थाना पुलिस ने देशव्यापी स्तर पर फर्जी डिग्रियां और मार्कशीट बनाने वाले एक शातिर गिरोह के चार सदस्यों को गिरफ्तार किया है। ...और पढ़ें
Publish Date: Thu, 19 Feb 2026 06:18:34 PM (IST)Updated Date: Thu, 19 Feb 2026 06:18:34 PM (IST)
कानपुर में फर्जी डिग्री सिंडिकेट का भंडाफोड़HighLights
- 14 यूनिवर्सिटी की जाली डिग्री बनाने वाले 4 शातिर कानपुर में अरेस्ट
- बी-फार्मा और एलएलबी जैसी डिग्रियां लाखों में बेच रहा था गिरोह
- बोर्ड और यूनिवर्सिटी के बाबुओं की मिलीभगत से चल रहा था खेल
एजेंसी, कानपुर। शहर की किदवई नगर थाना पुलिस ने देशव्यापी स्तर पर फर्जी डिग्रियां और मार्कशीट बनाने वाले एक शातिर गिरोह के चार सदस्यों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किए गए आरोपितों की पहचान शैलेंद्र कुमार (रायबरेली), नगेन्द्र मणि त्रिपाठी (कौशांबी), जोगेन्द्र (गाजियाबाद) और अश्वनी कुमार सिंह (उन्नाव) के रूप में हुई है। पुलिस आयुक्त के मुताबिक, यह गिरोह नौ राज्यों के 14 प्रतिष्ठित विश्वविद्यालयों और माध्यमिक शिक्षा परिषद की जाली डिग्रियां तैयार कर रहा था।
बी-फार्मा के लिए 2.50 लाख तो इंटर के लिए 50 हजार
जांच में खुलासा हुआ है कि यह गिरोह अलग-अलग कोर्स के लिए मोटी रकम वसूलता था। बी-फार्मा और डी-फार्मा की डिग्री के लिए 2.50 लाख रुपये, एलएलबी और बीटेक के लिए 1.50 लाख रुपये, बीए-बीएससी के लिए 75 हजार और इंटरमीडिएट की मार्कशीट के लिए 50 हजार रुपये लिए जाते थे। आरोपितों के पास से 900 से ज्यादा फर्जी डिग्रियां व मार्कशीट बरामद हुई हैं। पूछताछ में सामने आया कि ये लोग विश्वविद्यालयों और बोर्ड के बाबुओं से सांठगांठ कर बिना परीक्षा दिलाए ही फर्जी दस्तावेज तैयार करवा देते थे।
इन प्रमुख विश्वविद्यालयों के नाम पर हो रहा था 'गोलमाल'
पुलिस द्वारा जारी सूची के अनुसार, गिरोह इन संस्थानों के नाम पर फर्जीवाड़ा कर रहा था...
- छत्रपति शाहूजी महाराज विश्वविद्यालय (कानपुर), माध्यमिक शिक्षा परिषद (प्रयागराज)।
- मंगलायतन (अलीगढ़), जेएस विश्वविद्यालय (शिकोहाबाद), सुभारती (मेरठ), मोनाड (हापुड़), ग्लोकल (सहारनपुर)।
- हिमालयन विश्वविद्यालय (ईटानगर), हिमालयन गढ़वाल (उत्तराखंड), श्री कृष्णा (मध्य प्रदेश)।
- सिक्किम प्रोफेशनल, प्रज्ञान इंटरनेशनल (झारखंड), एशियन (मणिपुर), लिंग्या (फरीदाबाद) और जामिया उर्दू (अलीगढ़)।
कई रसूखदारों ने बनवाई एलएलबी की फर्जी डिग्री
गिरोह ने कई लोगों को कानून की फर्जी डिग्री भी बांटी थी। पुलिस ने खुलासा किया है कि नौशाद, सुजान, संदीप मिश्रा, रणधीर सिंह, रत्ना शुक्ला, विजय यादव, विशाल पाल जैसे व्यक्तियों ने इनके माध्यम से एलएलबी की जाली डिग्रियां हासिल की थीं। पुलिस अब इन लाभार्थियों और गिरोह के मददगार विश्वविद्यालय कर्मचारियों की तलाश में जुट गई है।
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